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कौन होगा जो फ़िट नहीं रहना चाहता. इसके लिए पर इसे हक़ीक़त की शक़ल दे पाना आसान नहीं. फ़िटनेस की पहली कड़ी होती है वज़न में कमी करना, नतीजन,  हम सभी वज़न घटाने के पीछे पागल हो उठते हैं. जिसके दौरान हम अक्सर आधी-अधूरी, सुनी सुनाई बातों पर अमल करने लगते हैं. पर असल मुद्दे को समझने में चूक जाते हैं. दरसल वज़न घटाने में लग जाना काफ़ी फ़ायदेमंद बात है पर तरीक़ा सही न हुआ तो नतीजा नुक़सानदेह हो सकता है.

वज़न घटाने के लिए ज़रूरी है कि आप वज़न के घटने या बढ़ने के पीछे छुपे पूरे विज्ञान को समझें. कुछ भी आज़माने पर, शुरुआती दिनों में तो हमें असर नज़र आता है, पर कुछ ही हफ्तों में हालात पहले जैसे हो जाएंगे. आख़िर में हम आप नाउम्मीदी के शिकार हो जाते हैं. इसलिए ज़रूरी है कि पहले हर खाने-पीने की चीज़ के असर को जानकर समझदारी से फ़ैसला लिया जाए. 

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यहां जानें, डायबिटीज़ केयर एक्सपर्ट जयश्री की बताए टिप्स और उनके पीछे छुपी वजहें भी, जिससे आप स्वाद से समझौता किए बग़ैर अपना वज़न घटा सकें.

  1. शक्कर कम खाएं- शक्कर वाली चीज़ों को कम से कम खाएं, इनके बजाय आप मीठे के दुसरे सेहतमंद विकल्प चुनें.

    जानें क्यों:
    शक्कर मिलाने का मतलब है कैलोरी का बढ़ना, जिससे आपके ब्लड शुगर का बढ़ना तय होता है. इसके अलावा, अक्सर सॉलिड फ़ैट वाली चीज़ों में शुगर मिली होती है और इनके पोषक तत्व ख़त्म हो चुके होते है. 
    इसलिए आप नारियल पानी, इंफ़्यूज़्ड वॉटर, डार्क चॉकलेट, रसीले फलों को चुनें.
  2. इनकी ख़ुराक बढाएं- वज़न कम करने की तैयारी में प्रोटीन की ख़ुराक बढ़ाना न भूलें.

    जानें क्यों: पाचन के दौरान शरीर कैलोरी का इस्तेमाल करता है. प्रोटीन से भरपूर चीज़ें खाने पर मेटाबॉलिज़्म से आप रोज़ाना 80-100 कैलोरी का इस्तेमाल करते हैं. और हां, प्रोटीन वाली चीज़ों को खाने से सिर्फ़ पेट ही नहीं भरता बल्कि इससे आपकी भूख में भी कमी आती है.

  3. भूखे न रहें, सेहतमंद चीज़ें खाएं- इसका मतलब है थोड़े-थोड़े वक़्त के अंतर पर कुछ खाते रहना. बिना प्रोसेस की गई फ़ाइबर वाली चीज़ें चुनना. खाने में प्रोटीन और सब्ज़ियों (लो कार्बोहायड्रेट वाली सब्ज़ी) की मात्रा बढ़ाएं और खाना खाने के 30 मिनट पहले पानी पिएं. 

    जानें क्यों: प्रोसेस की गई चीज़ों में शुगर, फ़ैट और कैलोरी की भरमार होती है. इसलिए आप नाश्ते में सूखे मेवें, अंडे, भुने हुए चने, मूंगफली, दही चुनें.

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    4. भूख न दबाएं- अपनी पसंदीदा चीज़ों से मुंह मोड़ने में समझदारी है, लेकिन भूख को अनदेखा करने में नहीं.यह भी पढ़ें: देर रात भूख लगने पर ये चीज़ें खाएं.

    जानें क्यों:
    बहुत ज़्यादा पाबंदियों के साथ खाने की चीज़ों को तय करने से चूक हो सकती है. खाने के मामले में सतर्क होने पर हम अक्सर ख़ुद को ज़्यादा कार्बोहायड्रेट और ज़्यादा फ़ैट वाली चीज़ों से दूर कर देते हैं. अपने पसंद की चीज़ों से ख़ुद को दूर करने में ख़ुद पर बहुत ज़्यादा नियंत्रण करना पड़ता है. हर बार ख़ुद को रोक पाना काफ़ी मुश्किल हो जाता है, जिससे आख़िर में आप इस कमी को भरने में जुट जाते हैं. जिसके चलते हो सकता है आपके हाथ बढ़ा हुआ वज़न, तनाव, सुस्ती ही लगे और हौसले पस्त होने लगे. इसलिए दिनभर कुछ भी खाने की छूट (चीट डे) देने के बजाय एक बार अपने मन की चीज़ें खा लेने (चीट मील) की छूट देने में समझदारी है.

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  4. फ़ाइबर को ना भूलें- फ़ाइबर वाली चीज़ों को खाने से वज़न कम करने में आपकी मदद होगी. आप ख़ासतौर पर, वॉटर-सोल्युबल फ़ाइबर युक्त चीज़ें चुनें, इससे पेट जल्दी भर जाता है.

    जानें क्यों-
    फ़ाइबर खाने से पेट ज़्यादा देर तक भरा रहता है, मन भर देने वाले हॉर्मोन रिलीज़ होते हैं. कुल मिलाकर इससे आप ज़्यादा खाने से बच जाते हैं.

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